चंडीगढ़, 2 जनवरी 2026 ( खबरीलाल टाइम्स ) :
नववर्ष के अवसर पर पंजाब राज्य खाद्य आयोग के सदस्य विजय दत्त ने जिला प्रशासन को नववर्ष की शुभकामनाएँ प्रेषित कीं तथा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के प्रभावी एवं ज़मीनी स्तर पर क्रियान्वयन को लेकर आवश्यक निर्देश जारी किए।
विजय दत्त ने कहा कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम गरीब, वंचित एवं कमजोर वर्गों के लिए एक वैधानिक अधिकार है, जिसे पूरी निष्ठा के साथ लागू किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि नववर्ष में यह सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है कि खाद्य सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र लाभार्थी तक समयबद्ध, पारदर्शी एवं बिना किसी भेदभाव के पहुँचे।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जिला स्तर पर ए डी सी (विकास) न केवल प्रशासनिक रूप से महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, बल्कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के अंतर्गत जिला शिकायत निवारण अधिकारी (डी जी आर ओ) के रूप में भी उनकी जिम्मेदारी अत्यंत अहम है। इस नाते खाद्य सुरक्षा से संबंधित शिकायतों का समय पर, निष्पक्ष एवं प्रभावी निपटारा सुनिश्चित किया जाना चाहिए। विजय दत्त ने निर्देश दिए कि: . राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के प्रावधानों का अक्षरशः एवं भावना के अनुरूप क्रियान्वयन किया जाए।
. पात्र लाभार्थियों की सही पहचान सुनिश्चित हो और कोई भी योग्य परिवार वंचित न रहे।
. डी जी आर ओ के रूप में प्राप्त शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण किया जाए।
.निगरानी, निरीक्षण एवं शिकायत निवारण तंत्र को और अधिक सुदृढ़ किया जाए।
.फील्ड स्तर पर पाई जाने वाली कमियों एवं बाधाओं का त्वरित समाधान किया जाए तथा इसकी नियमित रिपोर्टिंग आयोग को की जाए।
उन्होंने कहा कि आयोग यह अपेक्षा करता है कि जिला प्रशासन नववर्ष में सकारात्मक, परिणामोन्मुख और जनहितकारी दृष्टिकोण के साथ कार्य करेगा, जिससे समाज के गरीब एवं जरूरतमंद वर्ग को वास्तविक लाभ मिल सके।
अंत में उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आयोग और जिला प्रशासन के समन्वित प्रयासों से खाद्य एवं पोषण सुरक्षा के उद्देश्यों को और अधिक मजबूती मिलेगी तथा जनविश्वास सुदृढ़ होगा।